निम्नलिखित तर्क में कौन-सी तार्किक भ्रांति की गई है: नास्तिकों ने यह सिद्ध नहीं किया है कि ईश्वर का अस्तित्व नहीं है?
Aव्यक्ति-आक्षेप (ad hominem)
Bअज्ञान की दुहाई (appeal to ignorance) ✓ Correct
Cजल्दबाज़ी में सामान्यीकरण
Dफिसलन ढाल (slippery slope)
Correct answer: (B) अज्ञान की दुहाई (appeal to ignorance)
Explanation
दावा किसी सकारात्मक प्रमाण पर नहीं, बल्कि खंडन के अभाव पर टिका है।
यह केवल यह बताता है कि नास्तिकों ने ईश्वर का अनस्तित्व सिद्ध नहीं किया।
इस खंडन के अभाव से ही यह ईश्वर के अस्तित्व को समर्थित मान लेता है।
परंतु किसी निषेध को सिद्ध न कर पाना उसके विधेय का प्रमाण नहीं है।
खंडन के अभाव को प्रमाण मानना अज्ञान की दुहाई (argumentum ad ignorantiam) है।
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