रत्नसागर, रत्नदधि और रत्नरंजक नामक प्राचीन भवन प्राचीन भारत के निम्नलिखित में से किस विश्वविद्यालय का भाग थे?
Aतक्षशिला
Bओदंतपुरी
Cनालंदा ✓ Correct
Dश्रीधान्य कटक
Correct answer: (C) नालंदा
Explanation
रत्नसागर, रत्नदधि और रत्नरंजक नालंदा के विशाल पुस्तकालय भवन थे।
तक्षशिला एक पूर्ववर्ती केंद्र था पर इन नामित भवनों का स्थल नहीं।
ओदंतपुरी एक अन्य बौद्ध मठ था, इन पुस्तकालय भवनों के बिना।
श्रीधान्य कटक एक दक्षिणी शिक्षा स्थल था, इनसे संबद्ध नहीं।
ये तीन संरचनाएँ धर्मगंज नामक विशाल पुस्तकालय परिसर बनाती थीं।
नालंदा का पुस्तकालय अपनी पांडुलिपि-संग्रह हेतु समस्त एशिया में प्रसिद्ध था।
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