विद्यालयों में विद्यार्थियों हेतु समयबद्ध परीक्षण-कार्यक्रम लागू किया जाना चाहिए ताकि
Aविद्यार्थियों की प्रगति उनके माता-पिता को बताई जा सके
Bएक नियमित अभ्यास किया जा सके
Cविद्यार्थियों को अंतिम परीक्षाओं हेतु प्रशिक्षित किया जा सके
Dपरिणामों की प्रतिपुष्टि के आधार पर उपचारात्मक कार्यक्रम अपनाया जा सके ✓ Correct
Correct answer: (D) परिणामों की प्रतिपुष्टि के आधार पर उपचारात्मक कार्यक्रम अपनाया जा सके
Explanation
समयबद्ध परीक्षण-कार्यक्रम इसलिए लागू किया जाना चाहिए ताकि परिणामों की प्रतिपुष्टि से उपचारात्मक कार्यक्रम अपनाया जा सके।
नियमित परीक्षण उन अधिगम-अंतरालों को उजागर करते हैं जिन्हें लक्षित उपचार दूर कर सकता है।
माता-पिता को प्रगति बताना एक उपयोगी उपोत्पाद है, परीक्षण का मूल प्रयोजन नहीं।
नियमित अभ्यास कराना एक लाभ है पर परिणामों का निदानात्मक उपयोग नहीं करता।
अंतिम परीक्षाओं हेतु प्रशिक्षण परीक्षण को उपचारात्मक उपकरण नहीं, केवल पूर्वाभ्यास बना देता है।
परिणामों से उपचार का मार्गदर्शन रचनात्मक मूल्यांकन के केंद्र में स्थित प्रतिपुष्टि-चक्र है।
Want more like this? Create a free account to practise a full test, track your progress, and get spaced-repetition review.
Practise on Mcqkart →🎓 Book an expert →