चूँकि अधिगम सतत है, इसलिए शिक्षक को बेहतर अधिगम हेतु विद्यार्थियों के मन के स्तर से शिक्षण आरंभ करना चाहिए। इसे कहते हैं
Aस्पष्टता का सिद्धांत (principle of clarity)
Bसाहचर्य का सिद्धांत (principle of association) ✓ Correct
Cसक्रिय प्रक्रिया का सिद्धांत (principle of active process)
Dबहु-अनावरण का सिद्धांत (principle of multiple exposure)
Correct answer: (B) साहचर्य का सिद्धांत (principle of association)
Explanation
विद्यार्थियों की विद्यमान समझ के स्तर से शिक्षण आरंभ करना साहचर्य का सिद्धांत है, जो नए को पहले से ज्ञात से जोड़ता है।
साहचर्य का सिद्धांत 'ज्ञात से अज्ञात की ओर' सूक्ति का पालन करता है, नई सामग्री को पूर्व विचारों से बाँधता है।
यह अधिगमकर्ता के मानसिक स्तर से नई सामग्री तक सेतु बनाता है, जो अर्थपूर्ण अधिगम में सहायक है।
स्पष्टता का सिद्धांत स्पष्ट प्रस्तुति और उद्देश्यों से संबंधित है, पूर्वज्ञान से आरंभ करने से नहीं।
सक्रिय प्रक्रिया का सिद्धांत करके सीखने पर बल देता है, जो भिन्न विचार है।
बहु-अनावरण का सिद्धांत सामग्री को विविध ढंग से दोहराता है, जो पुनः साहचर्य से भिन्न है।
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